Gonda: तीन दिनों से लापता बलरामपुर के अनुदेशिका की गला घोटकर हत्या, गोंडा में मिला शव
DPO बना रहे अवैध वसूली का दबाव
पीड़ित अनुपमा सिंह का कहना है कि DPO शैलेन्द्र राय उन पर अवैध वासुकी का दबाव बना रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पुष्टाहार पर अवैध धन वसूली से मना करने पर डीपीओ ने उनकी सेवा समाप्त करने की कार्रवाई शुरू कर दी। इतना ही नहीं बल्कि नीलम तिवारी ने झूठे आरोप लगवाकर उन्हें नौकरी से हटवाने की कोशिश की।
ग्रुप में आत्महत्या की सूचना देने पर विभागीय ग्रुप से निकाला गया
मंगलवार रात डीपीओ का संदेश आया इसके जवाब में अनुपमा ने आत्महत्या की चेतावनी दी। डीपीओ ने उन्हें तुरंत ग्रुप से निकाल दिया। अनुपमा ने कसया आंगनवाड़ी ग्रुप में भी यही चेतावनी दोहराई। मामला सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सीडीओ गुंजन द्विवेदी ने अनुपमा को गुरुवार को कार्यालय बुलाया।
बेवजह प्रताड़ित करते हैं DPO
सीडीओ कार्यालय में अनुपमा ने बताया कि वह कई वर्षों से विभाग में सेवारत हैं। उनका आरोप है कि अवकाश लेने या मीटिंग में देर होने पर वेतन काट लिया जाता था। डीपीओ लगातार सेवा विस्तार रोकने की धमकी देते थे।डीपीओ शैलेन्द्र कुमार राय ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि जिलाधिकारी ने उनका पक्ष सुनकर निदेशालय को पत्र भेजा है।