घटना अजीतगढ़ के गढ़ टकनेत की डाला वाली ढाणी की है, जहां पुलिस टीम एक वांछित अपराधी महिपाल को गिरफ्तार करने गई थी। जैसे ही पुलिस ने महिपाल को पकड़ने की कोशिश की, उसके परिवार और साथियों ने पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया। पथराव और मारपीट में 11 पुलिसकर्मी घायल हो गए और सरकारी गाड़ियों को भी नुकसान पहुंचा। स्थिति बेकाबू होते देख अजीतगढ़, थोई, खंडेला, श्रीमाधोपुर और रींगस सहित कई थाना क्षेत्रों की पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
सीकर के एडिशनल एसपी गजेंद्र सिंह जोधा ने बताया कि पुलिस टीम पर हमले के इस मामले में 44 लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई है। इसके अलावा जांच के दौरान जो भी अन्य आरोपी सामने आएंगे, उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उनकी तलाश की जा रही है।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों का अजीतगढ़ कस्बे में भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जुलूस निकाला गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से अपराधियों में भय व्याप्त होगा और आम जनता का कानून व्यवस्था पर विश्वास मजबूत होगा। जुलूस के दौरान कस्बे में सुरक्षा को देखते हुए डीएसटी, क्यूआरटी, आरएसी सहित करीब एक दर्जन थानों की पुलिस तैनात रही। आज सवेरे जब जूलूस निकाला गया तो शर्म के मारे आरोपी चेहरा तक उपर नहीं कर सके।