सूचना के आधार पर जब खाद्य सुरक्षा अधिकारी निरीक्षण के लिए पहुंचे तो प्लांट संचालक के परिजनों ने टीम को गुमराह करने और कार्रवाई में बाधा डालने की कोशिश की। महिलाओं ने अभद्रता की, जिसके बाद प्रशासन ने अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया। सुरक्षा के बीच परिसर का ताला तुड़वाकर जांच की गई जिसमें भारी मात्रा में मिलावटी मावा और उपयोग की गई 35 खाली वनस्पति की पीपियां बरामद हुईं।
अंदर मिली 35 खाली वनस्पति पीपियों ने वर्षों से चल रहे इस मिलावट के काले कारोबार की पोल खोल दी। जांच अधिकारियों के अनुसार यह व्यक्ति मिल्क पाउडर और वनस्पति से कृत्रिम दूध तैयार कर मावा बना रहा था। इतनी बड़ी मात्रा में बरामद सामग्री से साफ है कि यह गोरखधंधा कई वर्षों से चल रहा था और आमजन के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा था।
जब्त किए गए खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर जयपुर लैब भेजे गए हैं। रिपोर्ट के आधार पर एक्ट के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि अगर कहीं भी मिलावटखोरी हो रही हो तो तुरंत सूचना दें।