तीन तरह के होते हैं पायलट
काम के आधार पर पायलट का वर्गीकरण तीन भाग में किया गया है। पायलट तीन तरह के होते हैं-
- फाइटर पायलट- ये ऐसे पायलट होते हैं जो युद्ध के लिए विमान उड़ाते हैं
- कमर्शियल पायलट- जो यात्रियों और उनके सामान को ले जाने के लिए विमान उड़ाते हैं
- कार्गो पायलट- जो माल ढोते हैं
12वीं के बाद फाइटर पायलट कैसे बनें? (12th Ke Baad Kaise Bane Fighter Pilot)
12वीं के बाद फाइटर पायलट बनने के लिए NDA की परीक्षा देनी होती है। ये परीक्षा संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा आयोजित कराई जाती है। यदि आपने ग्रेजुएशन कर रखा है और तब जाकर फाइटर पायलट बनने की प्लानिंग कर रहे हैं तो एयरफोर्स कॉमन एडमिशन टेस्ट (AFCAT) देना होगा।
क्या है एयरफोर्स कॉमन एडमिशन टेस्ट? (AFCAT Fullform)
एएफसीएटी का फुलफॉर्म है, एयरफोर्स कॉमन एडमिशन टेस्ट। ये परीक्षा पुरुष और महिला दोनों कैंडिडेट्स के लिए आयोजित की जाती है। यह परीक्षा साल में दो बार आयोजित की जाती है। इस परीक्षा का आयोजन इंडियन एयर फोर्स (IAF) द्वारा किया जाता है।
शैक्षणिक योग्यता (Educational Qualification of Fighter Pilot)
ऐसे कैंडिडेट्स जिनकी उम्र 19 से 23 के बीच हो और जिन्होंने 12वीं में पीसीएम (फिजिक्स+ केमिस्ट्री+ मैथ्स) और अंग्रेजी जैसे विषय से पढ़ाई की हो, वे फाइटर पायलट बनने के योग्य हैं।
फाइटर पायलट की सैलरी कितनी होती है? (Fighter Pilot Salary)
भारत में फाइटर पायलट की सैलरी रैंक, अनुभव और पद के अनुसार अलग-अलग होती है। शुरुआती स्तर पर एक फाइटर पायलट को करीब 56,100 रुपये से लेकर 1,10,700 रुपये प्रति महीने के बीच होती है। फ्लाइंग ऑफिसर की सैलरी 56,100 से 1,10,700 रुपये तक, फ्लाइंग लेफ्टिनेंट की 61,300 से 1,20,900 रुपये तक और स्क्वॉड्रन लीडर की 69,400 से 1,36,900 रुपये तक होती है। वहीं उच्च पदों के अधिकारी की मासिक सैलरी करीब 2,50,000 रुपये है।
देश प्रेम की भावना भी है जरूरी
फाइटर पायलट बनने के लिए न सिर्फ स्किल्स और शैक्षणिक योग्यता चाहिए बल्कि देश प्रेम और देश के लिए अपने प्राण तक न्यौछावर करने का जज्बा चाहिए। कोई साधारण व्यक्ति फाइटर पायलट नहीं बन सकता है। इसके लिए बहुत मेहनत लगती है और चुनिंदा युवा ही इसके लिए नियुक्त किए जाते हैं।