नाराज परिजनों और ग्रामीणों ने किया चक्काजाम
दोपहर तक जब मनोज पाल का शव खदान से बाहर नहीं निकला तो परिजन और ग्रामीणों के सब्र का बांध टूट गया। ग्रामीणों ने ज्योराहा के समीप मुख्यमार्ग पर चक्काजाम करते हुए हांगामा शुरु कर दिया। हंगामे की खबर लगने के बाद मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने परिजनों को समझाइश दी और अपने द्वारा किए जा रहे प्रयासों के बारे में बताया तब प्रदर्शनकारी शांत हो गए।
पेशे से ट्रैक्टर चालक
स्थानीय लोगों से जानकारी मिली है कि मृतक का नाम मनोज पुत्र सुरेन्द्र पाल था, जिसकी उम्र करीब 20 वर्ष थी और वह मूलत: हटवा गांव का रहने वाला था। मनोज वर्तमान में मकरबई खोड़ा में रहता था तथा पेशे से ट्रैक्टर चालक था। ट्रैक्टर चालक होने के बावजूद खदान संचालक ने मनोज को डंपर चलाने की जिम्मेदारी दी थी। बुधवार की शाम करीब साढ़े 7 बजे जब मनोज पाल बनाफर ग्रेनाइट कंपनी के डंपर क्रमांक एमपी 16 एच 1880 को अलकनंदा ग्रेनाइट की पत्थर खदान से बाहर निकाल रहा था तभी डंपर अनियंत्रित होकर पानी से लबालब भरी करीब 40 फीट गहरी खदान में गिरकर डूब गया। खदान में चालक सहित डंपर गिरने की खबर मिलते ही गांव के लोगों खदान पर एकत्रित हो गए, साथ ही पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलने के बाद मौके पर एसडीएम बलवीर रमन, तहसीलदार शारदा प्रसाद सोनी, एसडीओपी नवीन दुबे, थाना प्रभारी सहित भारी मात्रा में पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। रात को अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू शुरु नहीं हो सका। गुरुवार की सुबह एसडीआरएफ, गोताखोर और क्रेन मशीन को मौके पर बुलाकर रेस्क्यू शुरु कराया गया और गुरुवार रात शव निकाल लिया गया।इनका कहना है
प्रकाश बम्हौरी थाना क्षेत्र की अलकनंदा ग्रेनाइट पत्थर खदान में एक डंपर गिरकर डूब गया है। डंपर के साथ चालक भी खदान में गिर गया था। एसडीआरएफ, गोताखोर और क्रेन मशीन की मदद से डंपर और चालक के शव निकाले गए हैं।
विदिता डागर, एएसपी, छतरपुर
बलवीर रमण, एसडीएम