शेरगढ़ थाने के एएसआइ रघुनाथ सिंह चंपावत ने बताया कि राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय सुभाषनगर राजमथाई में कार्यरत शिक्षक भोजासर पीलवा निवासी गणेशाराम (32) अपनी पत्नी ममता देवी (28) तथा डेढ़ वर्षीय बेटी मानुसी के साथ कार में जोधपुर से लौट रहे थे।
उनके साथ स्कूल में ही कार्यरत कनिष्ठ सहायक करणपुर भादरा हनुमानगढ़ निवासी अजय कुमार व शिक्षक डूंगरगढ़ बीकानेर निवासी गिरधारी राम भी साथ थे। दंपती डेढ़ वर्षीय पुत्री के दिल में छेद का इलाज कराने के लिए जोधपुर गए थे। राजमथाई लौटने के दौरान उनकी कार चाबा गांव के पास पहुंची तभी सामने से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने टक्कर मार दी। हादसे में गणेशाराम, ममता और अजय की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं गिरधारी राम गंभीर रूप से घायल हो गए जिन्हें प्राथमिक उपचार कर जोधपुर रेफर किया गया।
20-25 दिन बाद ऑपरेशन की थी तैयारी
हादसे के बाद डेढ़ वर्षीय बालिका मानुसी को जब शेरगढ़ अस्पताल लाया गया। मानुसी के दिल में छेद है। ऐसे में माता पिता उसके इलाज के लिए जोधपुर गए थे और आगामी 20-25 दिन बाद ऑपरेशन करवाने की तैयारी में थे। हादसे ने उसके सिर से माता-पिता का साया उठा लिया। वहीं मृतक कनिष्ठ सहायक अजय के भी डेढ़ माह की बच्ची है, उसके भी सिर से भी पिता का साया उठ गया।