बजट को लेकर बुलाई बैठक में पार्षद अकील अहमद ने शहर में हाल में लगाई गई स्ट्रीट लाइटों को लेकर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि शहर में जो लाइट लगाई जा रही है उसकी बाजार में कीमत करीब 700 रुपए की है जबकि नगर परिषद को यह लाइट करीब 5 हजार रुपए में दे दी जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर लाइट सही है तो इसके बार कोड से जांच कर लो, जिससे सच्चाई सामने आ जाएगी। पार्षद ठेकेदार और बाजार में मिल रही लाइट को लेकर पहुंचे। साथ ही कहा कि वार्ड में लाइट लगाने से पहले पार्षद को जरूर अवगत कराया जाए। कर्मचारी बिना सूचना दिए ही वार्ड में लाइट लगा जाता है। जिससे कई जरुरतमंद प्वाइंट रह जाते हैं।
सीवरेज और गड्ढे की समस्या भी रखी बैठक के दौरान पार्षदों ने शहर में सीवरेज की समस्या रखी। कहा कि चैम्बरों से गंदा पानी बाहर निकल रहा और कॉलोनियों में लोग निकल नहीं पा रहे हैं। सीवरेज की समस्या लम्बे समय से बनी हुई लेकिन अभी तक समाधान नहीं हो पाया है। वहीं, कुछ पार्षदों में शहर में जगह-जगह हो रहे गड्ढों की समस्या रखी। कहा कि शहर में ज्यादातर सडक़ों की हालत खस्ताहाल है और लोग निकल नहीं पा रहे हैं। कहा कि हरदेव नगर, पुराना शहर, जेल रोड की हालत खराब है। पार्षदों ने कचरा संग्रहण करने वाले ऑटो टिपर गाडिय़ों की मरम्मत कराने की बात कही। कहा कि ऑटो टिपर नहीं पहुंचने से लोगों को कचरा फेंकने में समस्या उठानी पड़ रही है। पार्षद बंटू ने निहालगंज थाने के पास गंंदे पानी समस्या की उठाई।
त्योहर के समय लगाई थी स्ट्रीट लाइटें बता दें कि शहर में दीपावली के त्योहार के समय शहर में स्ट्रीट लाइटें लगाई गई थी लेकिन ये भी कई स्थानों पर नहीं लग पाई थी। वहीं, कई लाइटें तो कुछ दिन चलने के बाद ही बंद पड़ गई। गौरतलब रहे कि नगर परिषद में बिजली सामान खरीद की जिम्मेदारी भरतपुर नगर निगम पर है। बिजली संबंधी मामले भी नगर निगम के एक्सईएन संभालते हैं।
– स्ट्रीट लाइट की जांच के लिए समिति बना दी है। नगर परिषद की लाइट खरीद के लिए भरतपुर नगर निगम एक्सईएन को जिम्मा सौंप रखा है। स्थानीय स्तर पर कुछ नहीं होता है। मामले में भुगतान जांच रिपोर्ट आने के बाद किया जाएगा।
– अशोक शर्मा, आयुक्त नगर परिषद धौलपुर